डबरा।
डबरा के सागर शिवहरे उर्फ चिराग शिवहरे की बेरहमी के साथ हत्या के चार दिन बाद भी फरार चल रही उसकी गर्लफ्रेंड दृष्टि ग्रोवर पुलिस की पकड़ से दूर है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें चिराग की बहन अनमोल और मां नीलम शिवहरे बुरी तरह रो-रोकर पुलिस-प्रशासन पर ढुलमुल रवैये का आरोप लगा रहे हैं। ह्रदय को द्रवित कर देने वाले इस वीडियो में चिराग की मां चीख-चीख कर गुहार लगा रही है कि मेरे बच्चे को न्याय दिलवाओ, उसने (दृष्टि ग्रोवर) ने मेरे बच्चे को मार डाला और भाग गई। बहन अनमोल वीडियो में आरोप लगा रही है कि पुलिस ने पहले दृष्टि को पकड़ कर रखा था लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया। अब वह परिवार के साथ फरार हो गई है। सोशल मीडिया पर चिराग के हत्यारों को सजा दिलाने के लिए #JUSTCEFORCHIRAG अभियान ट्रेंड कर रहा है। इस बीच, बीती शाम बेहद गमगीन माहौल में चिराग के शव के अवशेषों का अंतिम संस्कार कर दिया है। चिराग के लिए एक श्रद्धांजलि सभा आज 12 जुलाई की शाम 4 बजे डबरा में ठाकुरबाबा रोड स्थित एम बालाजी गार्डन में रखी गई है।
बता दें कि पुलिस ने चिराग की हत्या के मामले में चार लोगों पर एफआईआर दर्ज की है जिसमें मुख्य आरोपी यश जादौन उर्फ अंश जादौन, उसके पिता उपेंद्र, भाई शुभम और चिराग की गर्लफ्रेंड दृष्टि ग्रोवर के नाम शामिल हैं। अंश जादौन और शुभम को तो पुलिस ने पहले ही पकड़ लिया था, चिराग के चाचा दीपक शिवहरे ने शिवहरेवाणी को बताया कि बीती रात हम लोगों के काफी दवाब डालने पर पुलिस ने अंश के पिता उपेंद्र जादौन का नाम एफआईआर में शामिल कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। लेकिन इसके बाद से पुलिस की ओर से उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई है। सूत्रों का कहना है, पुलिस ने अभी तक पकड़े गए आरोपितों की गिरफ्तारी नहीं दर्शाई है। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस दृष्टि की तलाश में दबिशें दे रही है। डबरा थाना पुलिस ने शून्य पर एफआईआर दर्ज कर यूनिवर्सिटी थाना भेज दी है।
बता दें कि सागर उर्फ चिराग शिवहरे बीती शनिवार (8 जुलाई) को दोपहर करीब 2 बजे पार्टी करने जाने की बात कहकर घर से निकला था। उसके बाद से लापता था। अगले दिन पुलिस ने मामले की जांच की तो चिराग के मोबाइल की आखिरी लोकेशन ग्वालियर में थाटीपुर स्थित दर्पण कालोनी में मिली। पुलिस ने यहां से संदेह के आधार पर यश जादौन उर्फ अंश चादौन नाम के एक युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की। अंश जादौन कुछ समय से चिराग शिवहरे के संपर्क में था। अंश जादौन पहले तो पुलिस को गुमराह करता था लेकिन अगले दिन सोमवार 10 जुलाई को पुलिस की सख्ती के आगे टूट गया और चिराग की हत्या की बात कबूल कर ली थी। अंश ने बताया कि उसने अपने चचेरे भाई शुभम के साथ मिलकर चिराग की गला दबाकर हत्या कर दी और उसके शव को कलक्ट्रेट के पास झाड़ियों में कंडों पर रखकर फूंक दिया है। पुलिस ने मौके से चिराग की लाश के अधजले अवशेष बरामद किए। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस को मौके से चिराग का अधजला सिर मिला है, पास नाले में उसके धड़ के अधजले हिस्से भी मिले। पुलिस ने चिराग के शव के अवशेषों से डीएनए सैंपल लेकर बीती शाम (11 जुलाई) उन्हें परिजनों के हवाले कर दिया। देर शाम डबरा में परिजनों ने चिराग के शव के अवशेषों का अंतिम संस्कार किया।
