रोपड़।
वरिष्ठ नागरिकों के हितकार्यों में समर्पित रोपड़ की प्रतिष्ठित संस्था ‘सीनियर सिटीजन काउंसिल’ ने अहलुवासिया (कलाल) समाज के जाने-माने समाजसेवी श्री धर्मपाल अहलुवालिया का असाधारण सााजिक सेवाओं के लिए विशेष अभिनंदन किया है। 75 वर्ष की आयु में युवा ऊर्जा से लबरेज कर्मठ सामाजिक कार्यकर्ता श्री धर्मपाल अहलुवालिया के अभिनंदन पर कलाल समाज ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएं प्रेषित की हैं।
रोपण के गांधी मैमोरियल स्कूल में बीती एक अप्रैल की शाम को सीनियर सिटीजन काउंसिंल की मासिक बैठक थी, जिसमें संस्था के उन सम्मानित सदस्यों का अभिनंदन किया गया जिनका जन्मदिन अथवा वैवाहिक वर्षगांठ बीते माह गुजरी है। श्री अहलुवालिया के अतुलनीय सामाजिक योगदान और संस्था उनकी अनुकरणीय भूमिका का उल्लेख करते हुए उन्हें अभिनंदन स्वरूप स्मृति चिह्न प्रदान किया गया। बता दें कि ‘सीनियर सिटीजन काउंसिल’ का गठन वरिष्ठ नागरिकों के हित-कार्यों के उद्देश्य से वर्ष 2005 में रोपड़ में हुआ था। आज पंजाब के कई जिलों में इसका विस्तार हो चुका है। श्री अहलुवालिया गठन के समय से इस संस्था के साथ जुड़कर वरिष्ठ नागरिकों के लिए कार्य कर रहे हैं, खासकर अपनी मेडिकल सेवाएं प्रदान करते हैं। उनकी ओर से बुजुर्गों के लिए मेडिकल कैंप भी लगाए जाते हैं। संस्था को वरिष्ठ नागरिकों की असाधारण सेवाओं और योगदान के लिए कई राज्य स्तरीय, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय अवार्ड दिए जा चुके हैं। संस्था के पूर्व अध्यक्ष श्री करनैल सिंह ने श्री अहलुवालिया के योगदान की भूरि-भूरि सराहना करते हुए कहा कि संस्था को इस मुकाम पर लाने में श्री अहलुवालिया के योगदान को भुलाया नहीं जा सकता। बैठक में मौजूद सभी वरिष्ठ नागरिकों ने जोरदार तालियों से श्री अहलुवालिया का उत्साहवर्धन किया।
वर्ष 2004 में फूड कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के सीनियर मैनेजर के पद से स्वैच्छिक अवकाश लेकर सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय हुए श्री धर्मपाल अहलुवालिया एक मृदुभाषी, सहृदयी, ईमानदार, समर्पित और अनुशासन-प्रिय समाजसेवी के रूप में अखिल भारतीय स्तर पर अपनी विशेष पहचान रखते हैं। कलाल समाज का लोकप्रिय व्हाट्सएप ग्रुप ‘अहलुवालिया ग्लोबल’ उनकी अनुशासन प्रियता की जीती-जागती मिसाल है। श्री अहलुवालिया इस ग्रुप के एडमिन हैं, और इस रूप में अपनी निष्पक्षता, तत्परता, और अनुशासन से वह एक आदर्श एडमिन की भूमिका को बखूबी परिभाषित कर रहे हैं। ऐसे वक्त में, जब कलाल समाज के ज्यादातर व्हाट्सएप ग्रुप में जहां भाषा और अभिव्यक्ति की मर्यादाएं तार-तार नजर आती हैं, श्री अहलुवालिया अपने ‘अहलुवालिया ग्लोब’ में ऐसे किसी भी पोस्ट को तत्काल डिलीट करने में कतई नहीं हिचकते। गुडमार्निंग और गुड इवनिंग जैसे अर्थहीन पोस्ट उनके ग्रुप में अनुमन्य नहीं हैं। भ्रामक जानकारी वाले किसी भी पोस्ट को वह ना केवल हटा देते हैं बल्कि सही जानकारी से ग्रुप मेम्बर्स को सचेत और जागरूक करने का काम भी करते हैं। यही वजह है कि ‘अहलुवालिया ग्लोबल’ आज कलाल समाज का सबसे जागरूक, अनुशासित और सबसे अधिक तेजी से उभरता, लोकप्रिय होता व्हाट्सएप ग्रुप है, और इसका श्रेय पूरी तरह श्री धर्मपाल अहलुवालिया को ही जाता है।

श्री अहलुवालिया जिस प्रकार अपनी व्यस्त दिनचर्या के बीच तत्परता के साथ ‘अहलुवालिया ग्लोब’ पर नजर रखते हैं, वह भी लोगों को अचंभित करता है। श्री अहलुवालिया एक्युप्रेशर स्पेशलिस्ट हैं और रोपण में एसडी गर्ल्स स्कूल के पास उनका एक्युप्रेशर सेंटर है जहां वह सुबह से हड्डी व जोड़ों की समस्याओं से पीड़ित मरीजों को दवारहित उपचार प्रदान करते हैं। एक्युप्रेशर और रेडक्रॉस सोसायटी से लेक्चररशिप की डिग्री प्राप्त श्री अहलुवालिया छात्र जीवन में एनसीसी से जुड़े रहे और सी-सर्टिफिकेट होल्डर हैं। इस दौरान उन्होंने आर्मी अटैचमेंट कैंप भी ज्वाइन किए। 1967-68 के दौरान उन्हें असाधारण कैडेट के रूप में पंजाब के तत्कालीन राज्यपाल ने विशेष सम्मान प्रदान किया था। श्री अहलुवालिया बताते हैं कि छात्रजीवन में मिले सैन्य प्रशिक्षण ने उनके जीवन को सेवाभाव, कर्मठता, ईमानदारी और अनुशासन जैसी अमूल्य निधियां प्रदान की हैं, अब इन्हें संजोना और इनके लाभ बिरादरी भाइयों तक पहुंचाना ही उनके जीवन का उद्देश्य है।
