छतरपुर।
मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले की नेहा शिवहरे का चयन उत्तर प्रदेश विधानसभा सचिवाय में ‘समीक्षा अधिकारी’ के पद पर हुआ है। नेहा का चयन ‘उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग’ (UPPSC0) द्वारा संचालित आरओ/एआरओ-2023 परीक्षा के माध्यम से हुआ है। बीती पांच अप्रैल को परीक्षा का अंतिम प परिणाम जारी होने के बाद से परिवार में खुशी का माहौल है।
छतरपुर जिले में सटई क्षेत्र में गांव भैरा की रहने वाली नेहा शिवहरे साधारण परिवार से हैं। उनके पिता हरिराम शिवहरे गांव के ही प्राथमिक विद्यालत में शिक्षक हैं, माताजी श्रीमती श्यामबाई शिवहरे गृहणी हैं। नेहा शुरू से ही पढ़ाई में अव्वल रही है। गांव के ही सरकारी स्कूल से हाईस्कूल और इंटरमीडियेट करने के बाद नेहा ने छतरपुर के एक कॉलेज से बीए करने के बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हुए हिंदी से एमए (प्राइवेट) किया।
26 वर्षीय नेहा शिवहरे की लगन औऱ प्रतिभा रंग लाई। उसने हिंदी विषय के साथ पहले ही प्रयास में नेट-यूजीसी की परीक्षा क्वालीफाई कर न केवल असिस्टेंट प्रोफेसर बनने की पात्रता हासिल की, बल्कि ऑल इडिया रैंकिंग में तीसरा स्थान प्राप्त करने करा गौरव भी हासिल किया। इसके अलावा नेहा ने एमपी-पीएससी की परीक्षा भी दी जिसमें वह इंटरव्यू तक पहुंची लेकिन अंतिम परिणाम में कुछ ही अंकों से चूक गईं। इस यूपी से समीक्षा अधिकारी की वेकैंसी निकली तो नेहा ने आवेदन कर दिया, जिसमें नेहा ने कामयाबी हासिल कर ली। नेहा की कामयाबी ने उसके छोटे भाई नितिन शिवहरे को भी प्रेरित किया है जो एसएससी की तैयारी कर रहा है।
नेहा के पिता श्री हरिराम शिवहरे ने शिवहरेवाणी को बताया कि उनकी बिटिया ने पढ़ाई में अव्वल रहकर हमेशा उनका मान बढ़ाया है। उन्होने बताया कि वह साधारण परिवार से हैं, बच्ची को उच्च शिक्षा के लिए बाहर नहीं भेज सकते थे। लेकिन, बिटिया ने बहुत सीमित संसाधन में पूरी लगन से पढ़ाई करते हुए यह मुकाम हासिल किया। सटई इलाके में इन दिनों नेहा की कामयाबी का चर्चा है। कई संस्थाओं ने उसे सम्मानित किया है।
छतरपुर की बिटिया नेहा शिवहरे यूपी विधानसभा सचिवालय में बनीं समीक्षा अधिकारी; सीमित संसाधानों में तैयारी कर पाया मुकाम
