पटना।
बिहार के हालिया विधानसभा चुनाव के रिजल्ट बेहद चौंकाने वाले रहे। भाजपा नीत एनडीए ने आश्चर्यजनक रूप से 202 सीटों पर कब्जा कर लिया। भाजपा को 89 और जदयू को 85 सीटों पर जीत हासिल हुई है। चुनाव में कलचुरी (कलवार, कलाल, कलार) समाज के 5 प्रत्याशी विजयी हुए हैं। पूर्व डिप्टी सीएम तारकिशोर प्रसाद ने कटिहार सीट पर दबदबा कायम रखा है। वहीं जदयू के टिकट पर मुंगेर से जीते कुमार प्रणय नई विधानसभा में सबसे धनवान विधायक होंगे। नीचे बिहार की नई विधानसभा में कलवार समाज के पांचों विधायकों का विवरण दिया गया हैः-
तारकिशोर प्रसाद (भाजपा, कटिहार)
बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम और भाजपा नेता तारकिशोर प्रसाद ने कटिहार विधानसभा सीट से एक बार फिर 22154 वोटों के अंतर से बड़ी जीत दर्ज की है। प्रसाद को कुल एक लाख 255 वोट मिले। 69 वर्षीय तारकिशोर प्रसाद (पुत्र श्री गंगा प्रसाद) पेशे से किसान व व्यापारी हैं, इंटरमीडियेट शिक्षित हैं। तारकिशोर प्रसाद 2005 से कटिहार सीट से विधायक निर्वाचित होते आ रहे हैं। एक भी चुनाव नहीं हारे हैं। 2020 में वह कैबिनेट मंत्री बने और कुछ समय डिप्टी सीएम भी रहे। तारकिशोर प्रसाद सामाजिक क्षेत्र में भी सक्रिय रहते हैं और कलवार समाज के बड़े कार्यक्रमों के मंचों पर भी अक्सर नजर आ जाते हैं। कलवार समाज की कई संस्थाओं व संगठनों से भी जुड़े हैं।
कुमार प्रणय (भाजपा, मुंगेर)
मुंगेर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार कुमार प्रणय ने 18700 वोटों से जीत हासिलकी है। चुनाव में राजद उम्मीदवार अविनाश कुमार विद्यार्थी के साथ उनकी कड़ी टक्कर मानी जा रही थी लेकिन परिणाम कुमार प्रणय के पक्ष में आया। 52वर्षीय कुमार प्रणय (पुत्र श्री भोला प्रसाद चौधरी) पेशे से किसान हैं, 1998 में भागलपुर यूनीवर्सिटी से उन्होंने एमए किया था। चुनावी हलफनामे में उन्होंने 170 करोड़ से अधिक की संपत्ति का खुलासा किया है। उन्होंने बिहार का सबसे अमीर विधायक माना जा रहा है। कुमार प्रणय के पास 48 एकड़ की कृषि भूमि है जिसकी कीमत 18 करोड़ रुपये है, तीन एकड़ की गैर कृषि भूमि है जिसकी कीमत 148 करोड़ रुपये आंकी गई है।
हेम नारायण साह (जदयू, महाराजगंज)
सीवान जिले की महाराजगंज विधानसभा सीट पर जदयू प्रत्याशी हेम नारायण साह को जीत हासिल हुई है। मजे की बात यह है कि उन्होंने राजद से खड़े हुए स्वजातीय प्रतिद्वंद्वी विशाल कुमार जायसवाल को 21099 वोटों से हराया। 58 वर्षीय हेम नारायण साह (पुत्र श्री शिवजी साह) पेशे से व्यापारी हैं औऱ इंटरमीडियेट शिक्षित हैं। चुनावी हलफनामे में उन्होंने 3.5 करोड़ की संपत्ति होने का खुलासा किया है। हेमनारायण साह 2020 के चुनाव में इसी सीट से कांग्रेस प्रत्याशी से हार गए थे, जबकि 2015 में वह पहली बार विधायक निर्वाचित हुए थे।
विशाल कुमार (जदयू, नरकटिया)
पूर्वी चंपारण जिले की नरकटिया विधानसभा सीट से जदयू प्रत्याशी विशाल कुमार महज 1443 वोटों से विजयी हुए हैं। उन्होंने राजद के शमीम अहमद को हराया। 45 वर्षीय विशाल कुमार (पुत्र श्री विशंभर नाथ प्रसाद) 12वीं शिक्षित हैं, और व्यापार और किसानी करते हैं। चुनावी हलफनामे में उन्होंने 45 करोड़ रुपये की संपत्ति का खुलासा किया है।
अभिषेक प्रसाद (कांग्रेस, चनपटिया)
पश्चिमी चंपारण जिले की चनपटिया सीट से कांग्रेस के अभिषेक रंजन ने महज 602 वोटों से जीत हासिल की है। उन्होंने निवर्तमान विधायक एवं भाजपा प्रत्याशी उमाकांत सिंह को हराया है। महज 35 वर्षीय अभिषेक रंजन (पुत्र श्री ओमप्रकाश प्रसाद) स्नातकोत्तर शिक्षित हैं और कृषि के साथ बिजनेस भी करते हैं। ऊर्जावान औऱ जुझारू युवा नेता की पहचान वाले अभिषेक रंजन ने चुनावी हलफनामे में 6 करोड़ रुपये की संपत्ति होने का जिक्र किया है।
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