आगरा।
शिवहरे युवाओं के संगठन ‘शिवहरे समाज एकता परिषद’ की ओर से झांसी के युवा समाजसेवी श्री नीतेंद्र राय फौजी को प्रतिष्ठित ‘स्व. श्री अतुल शिवहरे स्मृति शिवहरे सेवा रत्न’ अवार्ड से नवाजा जाएगा। आगामी 20 सितंबर को आगरा में होने वाले इस समारोह में उन्हें सम्मानित किया जाएगा। श्री नीतेंद्र राय गत चार वर्षों से सर्वसमाज की कन्याओं का सामूहिक विवाह कराते आ रहे हैं और अब तक 96 बहनों के हाथ पीले कर चुके हैं।

श्री नीतेंद्र राय फौजी का एक संकल्प यह भी है कि जिन कन्याओं को वह सामूहिक विवाह में अपनी देहलीज से विदा करते हैं, उनके साथ आजीवन बड़े भाई का रिश्ता आजीवन निभाते हैं। अभी बीते रक्षाबंधन पर उनके हाथ में बंधी सौ से अधिक राखियां इस अद्भुत रिश्ते की गवाही बन गईं। हंसारी स्थित विवाहघर में हुए चौथे रक्षाबंधन समारोह में वे सभी बहनें पहुंची, जिनका कन्यादान बीते चार सामूहिक विवाह समारोहों में नीतेंद्र राय फौजी ने लिया। इन सौ से अधिक बहनों ने नीतेंद्र राय फौजी को तिलक किया और उनका मुंह मीठाकर कलाई पर राखी बांधी। नीतेंद्र राय और उनकी पत्नी श्रीमती पूजा राय ने सभी बहनों को साड़ी और उनके पतियों को शॉल भेंटकर विदा किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे अखिल भारतीय जायसवाल समवर्गीय महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री वीरेंद्र राय और मौजूद समाजबंधु इन पलों में काफी भावुक नजर आए।

भारतीय सेना से स्वैच्छिक सेवानिवृत्त श्री नितेंद्र राय फौजी ने यह साबित कर दिखाया है कि एक फौजी जीवन भर फौजी ही रहता है। सेना में रहते हुए दृढ़ संकल्प, निस्वार्थ सेवा और अदम्य साहस जैसे गुण एक फौजी के व्यक्तित्व में रच-बस जाते हैं, जो रिटायरमेंट के बाद उसके नागरिक जीवन में भी नजर आते हैं। नीतेंद्र शिवहरे फौजी भी इसी की मिसाल बनकर सामने आए हैं। वह चार साल से हर वर्ष छह दिसंबर को सामूहिक विवाह का आयोजन करते हैं। पहला सामूहिक विवाह छह दिसंबर, 2022 को हुआ था। छह दिसंबर का दिन इसलिए, कि यह श्री नीतेंद्र राय फौजी और उनके पुत्र निपुन राय, दोनों का जन्मदिन होता है। नितेंद्र राय फौजी पहले कथा का आयोजन कराते हैं, और उसके समापन के अगले दिन सामूहिक विवाह समारोह व भव्य भंडारे का आयोजन होता है। सामूहिक विवाह में प्रत्येक वर-वधु को उपहार स्वरूप घर-गृहस्थी का ज्यादातर सामान भेंट किया जाता है।

शिवहरेवाणी से बातचीत में नीतेंद्र राय फौजी ने बताया कि सामूहिक विवाह के पीछे ‘सिद्धेश्वर बालाजी’ ही प्रेरणा है और उन्हीं को समर्पित है। हर साल निर्धन कन्याओं का सामूहिक विवाह कराना अब उनके जीवन का सबसे बड़ा संकल्प बन चुका है। बता दें कि नीतेंद्र राय झांसी में आस्था के प्रमुख केंद्र ‘सिद्धेश्वर बालाजी धाम’ के भक्त हैं और इसके ट्रस्ट के अध्यक्ष भी हैं। फौजी ने कहा की उनके स्वर्गवासी पिता श्री रघुवीर प्रसाद राय और दादाजी स्वर्गीय श्री भस्सूराम राय से समाज सेवा की भावना विरासत में मिली है औऱ वह उसी विरासत को सतत बढाने का प्रयास कर रहे हैं।
शिवहर समाज एकता परिषद के अध्यक्ष डा. गौरव गुप्ता ने 20 सितंबर को होने वाले समारोह में श्री नीतेंद्र राय फौजी को इस पुनीत कार्य के लिए शिवहरे सेवा रत्न अवार्ड प्रदान करने की घोषणा की। उन्होंने बताया कि परिषद की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया है और श्री नीतेंद्र राय फौजी जैसी शख्सियत को सम्मानित करना दरअसल उस सकारात्मक सेवा का सम्मान है जिसकी समाज को वास्तविक जरूरत है।














